वृन्दावन से आया बुलावा मेरे श्याम का

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

॥श्री बांके बिहारी जी का नया भजन ॥

वृन्दावन से आया , बुलावा मेरे श्याम का ,

हो गया दीवाना , मैं राधे राधे नाम का ,

क्या मैं करू कुछ समझ नहीं आए ,

मन ये मेरा बस राधे राधे गाए ,

कैसा हैं ये जादू , मेरे घनश्याम का ,

हो गया दीवाना , मैं राधे राधे नाम का ,

वृन्दावन से आया , बुलावा मेरे श्याम का ,

हो गया दीवाना , मैं राधे राधे नाम का ,

आँखों से बहते आंसू , अब सुबह शाम हैं ,

होठो पे रहता बस , राधा राधा नाम हैं ,

कैसा हैं ये जादू , मेरे घनश्याम का ,

हो गया दीवाना , मैं राधे राधे नाम का ,

वृन्दावन से आया , बुलावा मेरे श्याम का ,

हो गया दीवाना , मैं राधे राधे नाम का ,

कितने जनम के मेरे पुण्य फले हैं ,

अब जा कर मुझे श्याम मिले हैं ,

मिल गया मुझको दर्शन मेरे घनश्याम का ,

हो गया दीवाना , मैं राधे राधे नाम का ,

वृन्दावन से आया , बुलावा मेरे श्याम का ,

हो गया दीवाना , मैं राधे राधे नाम का ,

Bhajan Lyrics - Jay Prakash Verma, Indore

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।