मेरे बजरंग बाबा आजा करूं इंतजार मै भजन

ठा. प्रकाश सिंह चौहान
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

मेरे बजरंग बाबा आजा

मेरे बजरंग बाबा आजा

करूं इंतजार मैं

मेरी पार लगादो नैया फंसी मझधार में॥।

1.जब - जब आया संकट मुझपे

मैने तुमको याद किया

बाबा तुमको याद किया

तेरे ही नाम ने बाबा

हर दुख से पार किया

हर दुख से पार किया

बाबा अब ना देर लगाना - 2

खड़ा दरबार में

मेरी पार लगादो नैया पड़ी मझधार में

मेरे बजरंग बाबा आजा...

2.तेरे सिवा ना बाबा

कोई और हमारा है

कोई और हमारा है

तेरे चरणों में ही बाबा

ये जीवन सारा है

ये जीवन सारा है

अब आके थाम लो बाबा -2

मेरी पतवार ने

मेरी पार लगादो नैया फंसी मझधार में॥

मेरे बजरंग बाबा आजा -2

मेरी पुकार पे

मेरी पार लगादो नैया फंसी मझधार में॥।

3.तेरी दया से ही बाबा

मेरे बिगड़े काम बने

मेरे बिगड़े काम बने

सूखे हुए इस जीवन के

मुरझाए फूल खिले

मुरझाए फूल खिले

तुम रखना लाज बाबा मेरी

इस संसार में

मेरी पार लगादो नैया फंसी मझधार में

4.तेरे चरणों में बीते बाबा

मेरी सुबह और शाम

मेरी सुबह और शाम

करता रहूं में हर दम

तेरे नाम का गुणगान

तेरे नाम का गुणगान

नहीं मुझको तुम बिसराना - 2

करूं इंतजार मै

मेरी पार लगादो नैया फंसी मझधार में

मेरे बजरंग बाबा आजा...

लेखक - ठा. प्रकाश सिंह चौहान

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।