मुरली वाले कान्हा तुमको आना होगा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मुरली वाले कान्हा, तुमको आना होगा,

मुरली की धुन, सुनाना होगा,

राधा और रुक्मण को संग लाना होगा,

मुरली वाले कान्हा, तुमको आना होगा,

यू तो रहता हैं तू कान्हा, भक्तों के दिल में,

भक्तों के दिल में कान्हा , संतों के दिल में,

मेरे भी दिल में घर बनाना होगा ,

मुरली की धुन सुनाना होगा,

माखन और मिश्री का भोग, तुमको प्यारा हैं,

में वो लाया हूं जो कर्मा ने खिलाया हैं,

खिचड़े का भोग कान्हा खाना होगा ,

मुरली की धुन सुनाना होगा,

रोज गाते हैं हम कान्हा , भजन तुम्हारे,

भजन तुम्हारे कान्हा, भजन तुम्हारे,

भजनों में रस तुमको लाना होगा ,

मुरली की धुन सुनाना होगा,

राधा जी के संग में कान्हा, तुम तो रास रचाते हो,

अपने भक्तों को कान्हा , क्यों तरसाते हो,

हमको भी रास दिखाना होगा ,

मुरली की धुन सुनाना होगा,

ले लो चाहे जितनी कान्हा, परीक्षा हमारी,

छोड़ेंगे हम ना कान्हा , भक्ति तुम्हारी,

हमको भी अपना बनाना होगा ,

मुरली की धुन सुनाना होगा,

Bhajan Lyrics - Jay Prakash Verma, Indore

Bhajan Voice - Jay Prakash & Priya Verma, Indore

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।