बांके बिहारी सुन लो विनती हमारी

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बांके बिहारी सुन लो विनती हमारी ,

छुटे कभी ना हमसे भक्ति तुम्हारी ,

भक्ति में तेरी ऐसा नशा हैं,

जब से चढ़ा है मजा ही मजा हैं,

उतरे कभी ना अब ये नशे की खुमारी,

बांके बिहारी सुन लो विनती हमारी,

तेरे दरस के प्यासे नैना ,

दरस बिना कहीं पाए ना चेना,

दर्शन दे दो अब तो मुरारी,

बांके बिहारी सुन लो विनती हमारी,

नैया हमारी तुम्हारे सहारे,

तुम ही लगा दो मोहन इसको किनारे,

डूबे कभी ना अब ये नैया हमारी,

बांके बिहारी सुन लो विनती हमारी,

भक्ति की हमको लगन लगा दो,

भजनों की हमको लत ये लगा दो ,

छुटे कभी ना हमसे लत ये तुम्हारी ,

बांके बिहारी सुन लो विनती हमारी.

Bhajan Lyrics - Jay Prakash Verma, Indore

Bhajan Voice - Jay Prakash Verma, Indore

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।