सीता सीता सीता सीता राम गाइये

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन राम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

सीता सीता सीता राम गाइए

राधे राधे राधे श्याम गाइए

सीता राम सीता राम गाइए राधे श्याम राधे श्याम गाइए॥

सीता राम राधे श्याम सीता राम गाइये

राधे श्याम सीता राम राधे श्याम गाइये

इस जीवन का कौन ठिकाना

कब तक अपना कब बेगाना॥

सोच ऐसा सोच ऐसा कर हरी नाम गाइए

सोच ऐसा सोच ऐसा कर हरी नाम गाइए॥

सीता सीता सीता राम गाइएराधे राधे राधे श्याम गाइए॥

अंतर मन से सुमिरन कर ले

प्रेम अमृत से जीवन भर ले

अंतर मन से सुमिरन कर ले

प्रेम अमृत से जीवन भर ले

धीरे-धीरे, धीरे-धीरे

धीरे-धीरे राम जी का साथ पाइये

सीता सीता सीता सीता राम गाइये.

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।