ओ पिलो पिलो सो तू सीम दे निशान जानो मन्ने खाटू नगरी खाटू नगरी रे भाया श्याम नगरी

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

( तर्ज - नीली साटण को सीमा दे ... )

ओ पिलो - पिलो सो तू सीम दे निशान

जानो मन्ने खाटू नगरी - खाटू नगरी रे भाया श्याम नगरी

खाटू जाकर सबसे पहला तोरण द्वार निहारु

तेरा पीढ़ी चढ़कर मैं बाबा की नजर उतारु

मारी श्याम पुरानी प्रीत बड़ी उकी दूर नगरी

ओ पिलो - पिलो सो तू सीम दे निशान ...

मंदिर आकर थाने बाबा रोज मैं भजन सुनाउ

नाचूं मैं भगत के संग में रोज थाने मनाऊं

होरी मंदिर में इत्र की भरमार बड़ी थारी प्यारी नगरी

ओ पिलो - पिलो सो तू सीम दे निशान ...

फागुन के महीने में बाबा भीड़ या भारी आवे है

कोई लगावे धोक बाबा कई मांगने आवे है

हो री लकी पर कृपा थारी बड़ी तेरी सुंदर नगरी

ओ पिलो - पिलो सो तू सीम दे निशान ...

Lyrics: Lucky Shukla

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।