दे दो दर्शन भावनी हमे

राकेश तिवारी
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

दे दो दर्शन भवानी हमे पाहुनी

तोरे पैय्या पडू महारानी

अपनी पलको से अंगना बुहारूँगा मै

तेरे मंदिर को धो कर सवारूँगा मै

भर के लाया हूँ आंसूअन भरी गागरी

तोरे पैय्या पडू महारानी

मै तो जोगी हूँ मैया बड़ा बावरा

क्या है खोटा खरा मै नही जानता

तार दे तार दे हे जगततारणी

तोरे पैय्या पडू महारानी

तेरे मूरत में वारे रहू दो नयन

तेरे महिमा के गाता रहूंगा भजन

मेरी जीवन की बगिया माँ करदो हरि

तोरे पैय्या पडू महारानी

मै तो नादान हूँ फस गया जाल में

काम और क्रोध मद लोभ की चाल में

डाल दे सर पे करुणामयी चाँदनी

तोरे पैय्या पडू महारानी

गायक - राकेश तिवारी

अपलोड - सुनील रैकवार

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।