॥ पावन पाठ ॥
तर्ज : बार बार तोहे क्या समझाऊं पायल की
अरे जे तू चाहवै बाबो, तेरा पल में बणा दे काम
ओ भगत तेरा.. सगळा बणा दे काम
ओ भगत तेरा.. बिगड्या बना दे काम
(तो) आंसू चढ़ा चरणां में आंसू से रीझे मेरो श्याम
तर्ज : बार बार तोहे क्या समझाऊं पायल की
अरे जे तू चाहवै बाबो, तेरा पल में बणा दे काम
ओ भगत तेरा.. सगळा बणा दे काम
ओ भगत तेरा.. बिगड्या बना दे काम
(तो) आंसू चढ़ा चरणां में आंसू से रीझे मेरो श्याम