हरि नाम मैं क्या बंन्दिंश

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

ताली बजा-बजाकर,शुरुआत किजिए

हरि नाम मैं क्या बंदिश,दिन रात लिजिए

प्रभु नाम में क्या बंन्दिंश,दिन रात लिजिए

ताली बजा-बजाकर,शुरुआत किजिए

हरि नाम मैं क्या बंन्दिंश,दिन रात लिजिए

ताली....

1.औरों के पास जानें से,क्या होगा फायदा

चरणों में प्रेम अश्रु की,बरसात किजिए

प्रभु नाम में क्या बंन्दिंश,दिन रात लिजिए

ताली बजा-बजाकर,शुरुआत किजिए

प्रभु....

2.करने से पहले काम तूं,सौ बार दिल से पुछ

हरगिज़ ना कभी दिल से,ना घात किजिए

ताली बजा-बजाकर,शुरुआत किजिए

प्रभु नाम में क्या बंन्दिंश,दिन रात लिजिए

प्रभु....

3.मीरा ने पीके दुनिया को,हाला दिखा दिया

प्रभु नाम रसका प्याला,दिन रात पिजिए

ताली बजा-बजाकर, शुरुआत किजिए

प्रभु नाम में क्या बंन्दिंश,दिन रात लिजिए

हरि नाम मैं क्या बंन्दिंश,दिन रात लिजिए

बाबा धसका पागल पानीपत

संपर्कंसुत्र-7206526000

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।