जय जय सदा होती है

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

जय जय सदा होती हैं

जहाँ राम की और राम नाम की

कृपा सदा बरसती है

वहाँ बजरंग बली हनुमान की

राजीव जय जय बोलो राम की

जय जय बोलो बालाजी हनुमान की

भक्ति भाव से होता है जहाँ

राम नाम का गुणगान सदा

राम भक्तों का रखते हैं वहाँ

हनुमान जी ध्यान सदा

सच्चा सुख मिलता है

चरणों में सुख धाम की

कृपा सदा बरसती है

वहाँ बजरंग बली हनुमान की

जय जय सदा होती हैं

जहाँ राम की और राम नाम की

राजीव जय जय बोलो राम की

जय जय बोलो बालाजी हनुमान की

संकट मोचक बनके जैसे

स्वयं प्रभु के काज करे

प्रभु भक्त प्रभु भक्तों के वैसे

स्वयं सभी कष्ट हरे

अमृत धन बरसता है वहाँ

होती है कथा जहाँ राम की

कृपा सदा बरसती है

वहाँ बजरंग बली हनुमान की

जय जय सदा होती हैं

जहाँ राम की और राम नाम की

राजीव जय जय बोलो राम की

जय जय बोलो बालाजी हनुमान की

©राजीव त्यागी

नजफगढ़ नई दिल्ली

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।