राधे बिना श्याम मिले कैसे

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

राधे बिना श्याम मिले कैसे

तुलसी बिना भोग लगे कैसे

गंगा नहाई मै तो यमुना नहाई

सरयू बिना पाप मिटे कैसे

राधे बिना श्याम मिले कैसे

बैकुंठ गई मैं अयोध्या गई थी

वृंदावन श्याम मिले कैसे

राधे बिना श्याम मिले कैसे

मंदिर में ढूंढा गुरुदवरे में ढूंढा

मेरे हृदय में दयानिधि मिले कैसे

राधे बिना श्याम मिले कैसे

हलवा बनाया मैंने पुरिया बनाई

छपन भोग की थाली लगाई

शालिग्राम बिना भोग लगे कैसे

राधे बिना श्याम मिले कैसे

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।