तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

रंजना गुंजन "भारतिया"
हनुमान जी भजन कृष्ण भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा ...

रचनाकारा, सृष्टि तेरी

पालनहारा, सृष्टि तेरी

रचनाकारा, सृष्टि तेरी

पालनहारा, सृष्टि तेरी

तू ही संहारक, मेरे भगवाना

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा ...

तू ही माता, तू ही पिता है

तू ही गुरु है, तू ही सखा है

तू ही माता, तू ही पिता है

तू ही गुरु है, तू ही सखा है

तू ही मेरा मालिक, मेरे भगवाना

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा ...

जप ना जानूँ, तप ना जानूँ

विधि ना जानूँ, रीति ना जानूँ

जप ना जानूँ, तप ना जानूँ

विधि ना जानूँ, रीति ना जानूँ

बस तुझे जानूँ, मेरे भगवाना

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा ...

शरण में आया, प्रभु सम्भालो

दीनदयाला, मुझे अपना लो

शरण में आया, प्रभु सम्भालो

दीनदयाला, मुझे अपना लो

तुझमे समाउँ, मेरे भगवाना

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा, तू ही है रामा

तू ही शिव शंकर, तू ही हनुमाना ।

तू ही है कृष्णा ...

तू ही है कृष्णा ...

तू ही है कृष्णा ...

गायिका - रंजना गुंजन "भारतिया"

रचना - रंजना गुंजन "भारतिया"

संगीत - सकल देव साहनी

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।