॥ पावन पाठ ॥
आगणियॉ म खाडा पड जावगा,
धीरा धीरा नाच म्हारा नाडियॉ,
यू मत जाने गौरा आवगॉ बराती,
भुत डॉकनियॉ ने संग मे लावेगा,
यू मत जाने गौरा पहनेगा व माला,
वह तो नाग लपेट के आवेगा,
यू मत जाने गौरा व बेठेगा धोडी,
बढियॉ नाडियॉ प बेठके आवेगा,