चलो रे चले सब वृन्दावन ,वृन्दावन में करेंगे भजन

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तर्ज - धीरे धीरे बोल कोई सुन ना ले

चलो रे चले सब वृन्दावन , वृन्दावन में करेंगे भजन -२

वहाँ राधे राधे गाएँगे और श्याम के दर्शन पाएँगे !

कुँज गली में बैठे हैं घनश्याम , हाथ जोड़कर कर लो उनको प्रणाम -२

चलो बंशीवट , चलो यमुनातट - २

वहाँ राधे राधे गाएँगे और श्याम के दर्शन पाएँगे !

चलो रे चले सब वृन्दावन , वृन्दावन में करेंगे भजन -२

चलो वहाँ से गोवर्धन की ओर , कर लो परिक्रमा उसके चारो ओर - २

चलो राधाकुण्ड , चलो श्यामकुण्ड - २

वहाँ राधे राधे गाएँगे और मानसी गंगा नहाएँगे !

चलो रे चले सब वृन्दावन , वृन्दावन में करेंगे भजन -२

चलो वहाँ से बरसाना धाम , राधाजी के चरणों में कर लो प्रणाम -२

चलो नंदगांव , कान्हा के गांव - २

वहाँ राधे राधे गाएँगे और श्याम के हम को जाएँगे !

चलो रे चले सब वृन्दावन , वृन्दावन में करेंगे भजन -२

Lyrics - Jay Prakash Verma, Indore

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।