नागपुर के राजा हितकारी

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

नागपुर के राजा हितकारी

नाग महाराजा है दुःख हारी

नाग देवा -३ भगतो के हितकारी

१ एक राहगीर देख डरे है

नाग बचो संग मश्ती करे है

ईश ही डर मे उसने नाग की

हत्या कर दी भारी

नाग देवा भगतो के हितकारी

२ नाग हत्या का दोस बड़ा था

सबको परेशान होना पड़ा था

सबने मिलकर नाग देव की

मूर्ति बिठाई प्यारी

नाग देवा भगतो के हितकारी

३ गाँव का नाम नागपुर जबसे

नाग देव की कृपा है तबसे

नाग देव के दर्शन करने

आ रही दुनिया सारी

नाग देवा भगतो के हितकारी

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।