भाया रे वो लीले वाला श्याम भाया रे

विष्णु कुमार सोनी(कानपुर)
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तर्ज:-आया रे खिलौने वाला,

खेल खिलौने लेके आया रे

भाया रे वो लीले वाला श्याम सलोना मुझे भाया रे भाया रे

श्याम की महिमा गाऊँ,

मैं श्याम को सदा मनाऊ

भाया रे.....

1.जब भी मेरे सर पे,मुसीबत है आई,

मोरछ्ड़ी बाबा की,तभी लहराई ,

श्याम के रहूँ सहारे,वो करता वारे-न्यारे ।

भाया रे....

2.शीश का दानी है,वो जग से निराला

कलियुग के अंधेरे में,वो करता उजाला

पाप की आंधी छाई,

तो श्याम ने ज्योत जलाई

भाया रे .....

3.जो भी इस दुनिया से,है हार के आता

हारे का सहारा ही,उसे अपनाता

विष्णु वो मान बढ़ाये,

उसे जग से जीत दिलाये

भाया रे....

लेखक: विष्णु कुमार सोनी(कानपुर)

श्री हरिदास निष्काम संर्कींतन

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।