कुछ ना कहूंगा, चुप ही रहूँगा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

कुछ ना कहूंगा, चुप ही रहूँगा I

चुपचाप बैठे बाबा, रोता ही रहूँगा II

1) ईशारे तेरे बाबा समझ ना पाऊँ

वक्त से पहले ही, क्यु हार जाऊँ-2

किससे कहूंगा, कह ना सकेगा

चुपचाप बैठे....

2) बेचैनी को बाबा , सहता रहूँगा

दर पे तुम्हारे बैठा रहूँगा -2

दर्द सहूँगा, कहना सकूँगा

चुपचाप बैठे.....

3) क्या मेरे कर्मों में , तु भी नही है।

जो मे पडा हूँ, क्या वो सही है। -2

तुझसे कहूंगा, छिपा ना सकूँगा

चुपचाप बैठे....

Singer/। yrics:- Visha। Gupta

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।