॥ पावन पाठ ॥
मुझको को संभाला तूने
दुख से निकाला तूने
तेरी निराली बाबा सान है,,,,
खाटू वाला मेरी पहचान है
तू ही तो बाबा मेरी जान है,,
मुझको को संभाला तूने
दुख से निकाला तूने
तेरी निराली बाबा सान है,,,,
खाटू वाला मेरी पहचान है
तू ही तो बाबा मेरी जान है,,