दिया है जब जीवन तो साथ निभा देना

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

दिया है जब जीवन तो

जीवन भर का साथ निभा देना

पिता पुत्र सा है नाता तो

रख सर पे हाथ जता देना

दिया है जब जीवन तो—-----

तकदीर मेरी के लिखने वाले

मैं मानूं आपका अहसान सदा

भोलेनाथ आपने बहुत दिया

कैसे करूं मैं यह कर्ज अदा

फर्ज़ मेरा है जो मुझको

मेरे शम्भूनाथ बता देना

रख सर पे हाथ जता देना

दिया है जब जीवन तो—-----

मेरी जीवन नैया के माझी

आपके हाथों में पतवार हो

भंवर फंसे ना कभी मेरे शंकर

सदा आपकी कृपा से पार हो

भटक जाए जब छूटे किनारा

राह शंभूनाथ दिखा देना

रख सर पे हाथ जता देना

दिया है जब जीवन तो—-----

मिल रहा है प्यार आपका

और भला क्या दरकार हो

राजीव की भक्ति मेरे शिव जी

सदा आपको भी स्वीकार हो

करना भक्ति श्रद्धा भाव से

मेरे शम्भूनाथ सिखा देना

रख सर पे हाथ जता देना

दिया है जब जीवन तो—-----

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।