भोले तेरे दुलारे हैं कान्हा एक बार तो श्याम से मिला ना

पारंपरिक
महादेव भजन कृष्ण भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

भोले तेरे दुलारे हैं कान्हा।

एक बार तो श्याम से मिलाना।

अब चलेगा ना कोई बहाना।

एक मुलाकात श्याम से करना।

मुझे बना दे श्याम के काबिल।

मैं गाऊँ बस राधे राधे।

मैं रंग जाऊँ श्यामल रंग में।

एक बार तो श्याम से मिला ना।

बाबा तू है भोला भंडारी।

तू भरता झोली खाली।

मैं ना मांगूँ और कुछ भी।

एक बार तो श्याम से मिलना।

तू जपे कृष्ण नाम।

कृष्ण करे तेरा ध्यान।

राधा नाम की महिमा भारी।

एक बार तो श्याम से मिला ना।

श्याम मोहिनी रूप बनायों।

तुम गोपी बन वृंदावन आयों।

बलि जाऊँ इन दोनों छवियों पे।

एक बार तो श्याम से मिला ना।

लेखाकार- शिवानी सिंह

गायिका - शिवानी सिंह

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।