दातारी मेरे श्याम की

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तर्ज - साथिया नहीं जाना

तेरे जैसा दानी , ना जग में हुआ ।

दर तेरे जो भी आया, मालामाल हुआ ।।

1- तेरे चरणों की रज का जादू देखा है मैंने बाबा- मेरे सांवरे

हार के जो भी आया, संग उसके चला ।।

दर तेरे जो भी आया...

2- नेता अभिनेता आते चौखट पे शीश नवाते - मेरे सांवरे

टाटा कोई अंबानी, कोई बिड़ला हुआ ।

दर तेरे जो भी आया...

3- छोटो सो चाकर थारो, इस चरण चाकरी दे दे, मेरे सांवरे

किंशुक तेरे नाम का, अब बावरा हुआ।

दर तेरे जो भी आया...

तेरे जैसा दानी , ना जग में हुआ ।

दर तेरे जो भी आया, मालामाल हुआ - 2 ।।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।