जय जय श्यामा जय जय श्याम

सर्व मोहन (टीनू सिंह)
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

जय जय श्यामा, जय जय श्याम

जय जय श्री वृन्दावन धाम

जय मथुरा गोकुल गोवर्धन

जय यमुना सेवा कुञ्ज निधिवन

जय बरसाना, जय नंदगाव

जय जय श्री वृन्दावन धाम

जय जय ब्रज रज, जय जय गोधन

जय जय ग्वाल सखा गोपीजन

जय ब्रजवासिन, जय ब्रज बाम

जय जय श्री वृन्दावन धाम

जय ब्रजमण्डल जय ब्रज रसिकन

जय जय ब्रज के संत भक्त जन

जय जय लत्ता पता अभिराम

जय जय श्री वृन्दावन धाम

❛मधुप हरि❜ ठाकुर ठकुरानी

जय ब्रजराजा जय ब्रजरानी

जय राधा माधव छवि धाम

जय जय श्री वृन्दावन धाम

जय जय श्यामा, जय जय श्याम

जय जय श्री वृन्दावन धाम-२।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।