ले लो मैया दास की खबर

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

तरस रही है तेरे दरस को,

मैया कबसे मेरी नज़र,

अब तो आके ले लो मैया,

अपने दास की खबर,

शेरा वाली माँ काली तू,

माँ तू है मेहरा वाली,

तेरे दर आए जो मैया,

ना खाली जाए सवाली,

सबकी झोली भरने वाली,

मेरी भी पूरी करो कसर,

अब तो आके ले लो मैया,

अपने दास की खबर,

तरस रही है.....

मेरे भी सर से उतारो मैया,

चढ़ी जो पाप की गठरी भारी,

संकट सबके हरने वाली,

मेरी भी विपदा हर लो सारी,

डालो मुझपे भी मैया,

अपनी करुणामयी नज़र,

अब तो आके ले लो मैया,

अपने दास की खबर,

तरस रही है.....

तू ही चंडी तू ही ज्वाला,

मैया तू है जोता वाली,

भटके हुए को राह दिखाती,

तेरे नैनों की जोत निराली,

तेरे होते माँ मेरी मैं,

भटक रहा क्यूं दर बदर,

अब तो आके ले लो मैया,

अपने दास की खबर,

तरस रही है.....

जगत सकल है भक्त तुम्हारे,

हैं माँ चरणों के सभी पुजारी,

महिमा का गुणगान करें सब,

जगाएं घर घर अलख तुम्हारी,

कर दो दूर दुखों के अंधियारे,

दिखा दो अपना नूरानी असर,

अब तो आके ले लो मैया,

अपने राजीव की खबर,

तरस रही है.....

राजीव त्यागी नजफगढ़ नई दिल्ली

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।