बुला रही राधा गुजरिया तू झूलन आजा सांवरिया

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बुला रही राधा गुजरिया तू झूलन आजा सांवरिया.....

श्याम बिन सावन ना भावे,

तू आजा क्यों अब तड़पावे,

बुला रही राधा लिख चिठियां, तू झूलन आजा सांवरिया........

सुहानी सावन रुत आई,

कैसी चल चल रही पुरवाई,

गगन में छा गई बदरिया, तू झूलन आजा सांवरिया..........

बोल रही कोयल दादुर मोर,

रुनझुन नाचत मन का मोर,

बजा दे प्यारी बांसुरिया, तू भूलन आजा सांवरिया...........

करूण तेरे सुन ले ओ बनवारी,

अरज करे तुमसे ब्रज नारी,

शरण में लेलो सांवरिया, तू झूलन आजा सांवरिया..........

कदम पर हमला डलवाई,

झूलन सब बिरज नारी आई,

कै झोटा दे जा सांवरिया, झूलन आजा सांवरिया..........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।