मदन गोपाल शरण तेरी आयो

श्री देवकी नन्दन ठाकुर जी महाराज
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मदन गोपाल शरण तेरी आयो,

चरण कमल की सेवा दीजै,

चेरो करि राखो घर जायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों....

धनि-धनि मात पिता सुत बन्धु,

धनि जननी जिन गोद खिलायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों.....

जे नर बिमुख भये गोविन्द सों,

जनम अनेक महा दुःख पायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों.......

श्री भट्ट के प्रभु दियो अभय पद,

यम डरप्यो जब दास कहायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों........

मदन गोपाल शरण तेरी आयो,

चरण कमल की सेवा दीजै,

चेरो करि राखो घर जायो,

मदन गोपाल शरण तेरी आयों......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।