भोलेनाथ मैं आया तेरे चरणों में

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

अब सब कुछ संभालो भोलेनाथ,

मैं आया तेरे चरणों में,

तेरे द्वार खड़ा हूँ लाचार,

बस जाओ मेरे कण कण में,

अब सब कुछ संभालो भोलेनाथ,

मैं आया तेरे चरणों में.....

जटा में तेरी गंग की धारा,

गले लिपटाए भोले सर्पो की माला,

त्रिनेत्रों से सबको देखे,

सब कहते उसे त्रिनयन वाला,

बस तुझसे लगाऊं भोले आस,

बस जाओ मेरे कण कण में,

अब सब कुछ संभालो भोलेनाथ,

मैं आया तेरे चरणों में......

अमृत का मुझे मोह नहीं है,

तू विष दे मुझे वो भी प्रिय है,

शिव के जैसा इस दुनिया में,

और कोई भी दयालु नहीं है,

मेरे दिल में रमा है तेरा नाम,

मैं आया तेरे चरणों में,

अब सब कुछ संभालो भोलेनाथ,

मैं आया तेरे चरणों में......

अब सब कुछ संभालो भोलेनाथ,

मैं आया तेरे चरणों में,

तेरे द्वार खड़ा हूँ लाचार,

बस जाओ मेरे कण कण में,

अब सबकुछ संभालो भोलेनाथ,

मैं आया तेरे चरणों में.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।