ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना.....

घर के अंदर भवन बनाया,

आय विराजो भगवान, गजानन आ जाना,

ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना.....

आप भी आना संग भोले जी को लाना,

गौरा लाना साथ, गजानन आ जाना,

ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना.....

आप भी आना संग हनुमत को लाना,

रिद्धि सिद्धि लाना साथ, गजानन आ जाना,

ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना.....

केसर रोली का तिलक लगाया,

और फूलों के हार, गजानन आ जाना,

ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना.....

माखन मिश्री का भोग लगाया,

और लड्डून भर थार, गजानन आ जाना,

ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना.....

हम भक्तों की यही अरज है,

दर्शन दो दिनानाथ, गजानन आ जाना है,

ओ गौरा के लाल गजानन आ जाना.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।