गौरी गणराज तुम्हे पहले नमन

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

गौरी गणराज तुम्हे पहले नमन करते है,

पहले पूजेंगे तुमको पहले याद करते है।।

जो भी दर पे तुम्हारे आता है,

झोली भरके खुशी से जाता है,

गाए महिमा तुम्हारी मिलके भजन करते है,

पहले पूजेंगे तुमको पहले.....

तेरी मूरत बड़ी लुभानी है,

मन मोहनी छबि सुहानी है,

तेरी सुंदर छबि का दर्शन सजन करते है,

पहले पूजेंगे तुमको पहले.....

दरबार निराला है तेरा जहां, बिगड़ी बनाई जाती है,

जो भी आता द्वार तुम्हारे, सरगम जलाई जाती है।।

।।डॉ सजन सोलंकी।।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।