संकट वो तेरा काटेंगे

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

जरा दर्शन को घाटे चलिए जहां बालाजी महाराज हैं,

संकट वो तेरा काटेंगे, वो तो संकट के काटन हार हैं......

तुम वहां जाओ वो ना मिलेंगे ऐसा कभी नहीं हो सकता,

जो वर मांगो वह नहीं पाओ ऐसा कभी नहीं हो सकता,

मेरे बाबा जगत विख्यात है रख लेंगे वह तेरी लाज है,

संकट वो तेरा काटेंगे......

भैरव बाबा का जाल वहां पर आज फंसे कोई कल फसे,

प्रेतराज का राज वहां पर बच ना सके कोई छीप ना सके,

भक्त कहता पते की बात है तुम सुन लो लगाकर ध्यान है,

संकट वो तेरा काटेंगे......

पत्थर का मंदिर पत्थर की मूरत पत्थर का दिल नहीं हो सकता,

बेटा बुलाए बाबा ना आए ऐसा कभी नहीं हो सकता,

मेरे बाबा की देखो क्या बात है कलयुग के वो अवतार है,

संकट वो तेरा काटेंगे.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।