रींगस से चलके आया बाबा तेरे खाटू में

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

श्याम धणी के द्वार पर, हो रही जय जयकार,

सेवक आया द्वार पर, ले अपनी फरियाद।

रींगस से चलके आया, बाबा तेरे खाटू में,

अरदास लेके आया, बाबा तेरे खाटू में....

दुनियाँ से हार करके, आया मैं तेरे दर पे,

तूने गले लगाया, बाबा तेरे खाटू में.....

चर्चे तेरी कृपा के, हमने सुने है बाबा,

रहमत है तू लुटाता, बाबा तेरे खाटू में....

फागण के वो नज़ारे, मस्ती भरे जयकारे,

दीवाने तेरे झूमें, बाबा तेरे खाटू में....

लाखों करोड़ो प्रेमी, आते दरश को तेरे,

संग में विकास आया, बाबा तेरे खाटू में.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।