कलयुग में डंका बजता है

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

कलयुग में डंका बजता है दोनों देव महान है,

एक बाबा श्याम है दूजे हनुमान है…..

कलयुग में तो चलती देखो इनकी ही सरकार है,

हनुमान जी संकट मोचन,

श्याम जी लखदातार है दोनों की है महिमा न्यारी,

दोनों की है महिमा न्यारी दोनों बड़े बलवान है,

एक बाबा श्याम है दूजे हनुमान है,

कलयुग में डंका बजता है दोनों देव महान है,

एक बाबा श्याम है दूजे हनुमान है…

हनुमान ने हर संकट से तारा था प्रभु राम को,

श्याम ने शीश का दान दिया था, कृष्ण चंद्र भगवान को,

दोनों ने त्रिलोक पति से, दोनों ने त्रिलोक पति से,

पाया ये वरदान है, बाबा श्याम है दूजे हनुमान है,

कलयुग में डंका बजता है दोनों देव महान है,

एक बाबा श्याम है दूजे हनुमान है…..

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।