नचो मईया घर आई

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

नचो नचो नचो मेरी मईया घर आई है,

शेर पे सवार होके,

शेर पे सवार होके सूरत दिखाई है,

नचो नचो नचो,

नचो नचो नचो मेरी मईया घर आई है.........

जग गए भाग आज शुभ दिन आया,

शेरावाली मेहरावाली अम्बे महामाया,

जग गए भाग आज शुभ दिन आया,

शेरावाली मेहरावाली अम्बे महामाया,

ममता मई ने अपनी दया बरसाई है,

नचो नचो नचो,

नचो नचो नचो मेरी मईया घर आई है.........

खाली नही जाए कोई माँ के दरबार से,

सबको खजाना मिले वैष्णो के द्वार से,

खाली नही जाए कोई माँ के दरबार से,

सबको खजाना मिले वैष्णो के द्वार से,

अम्बे जी के नाम वाली दौलत सबने पाई है,

नचो नचो नचो,

नचो नचो नचो मेरी मईया घर आई है.........

मस्ती में भर के भक्तों नाचो और गाओ जी,

मईया का सम्मान करो धूम मचाओ जी,

मस्ती में भर के भक्तों नाचो और गाओ जी,

मईया का सम्मान करो धूम मचाओ जी,

मईया जी की ज्योत बड़े भाग से जगाई है,

नचो नचो नचो,

नचो नचो नचो मेरी मईया घर आई है.........

श्रद्धा से जो भी जगदम्बे को मनाते है,

सभी दुःख मिट जाए सच्चा सुख पाते है,

श्रद्धा से जो भी जगदम्बे को मनाते है,

सभी दुःख मिट जाए सच्चा सुख पाते है,

शेरावाली माता भूलन त्यागी ने मनाई है,

नचो नचो नचो,

नचो नचो नचो मेरी मईया घर आई है.........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।