कर लो श्याम से यारी बना लो रिश्तेदारी

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

जब से मिला है श्याम सहारा, मौज हो रही है,

कभी कबार नहीं है ये तो, रोज हो रही है,

श्याम नाम की हुई बावरी,अब तो दुनिया सारी,

तो कर लो श्याम से यारी, बना लो रिश्तेदारी.....

झूठी है यह दुनियादारी, झूठे सारे नाते हैं,

अपना-अपना काम बनाने, झूठे रिश्ते निभाते हैं,

श्याम से रिश्ता जोड़ के देखो, भक्तों अब की बारी,

तो कर लो श्याम से यारी बना लो रिश्तेदारी....

(चलो रे सब मिलकर खाटू धाम,

जहां पर बैठे बाबा श्याम,

मिटाने संकट सारे, काटने कष्ट हमारे,

काटने कष्ट हमारे, कर रहे वारे न्यारे)

।।जय श्री श्याम बोलो जय श्री श्याम।।

जैसे चंदा है तारों की, झिलमिल में,

वैसे बाबा तू है, भक्तों के दिल में,

चंदा बनकर रोशन की है, ये रातें अंधियारी,

तो कर लो श्याम से यारी बना लो....

तेरे द्वारे बैठ के बाबा, नाम लिया करते हैं,

तेरा नाम लिया करते हैं,

तेरे भरोसे अब तो सारे, काम किया करते हैं,

सब काम किया करते है,

लव कुश चाहे श्याम शरण में, बीते उमरिया सारी,

तो कर लो शाम से यारी, बना लो रिश्तेदारी....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।