मन मेरा बाबा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तेरे नाम से है जीवन तेरा नाम ही सहारा,

तेरे नाम से है जीवन तेरा नाम ही सहारा,

मेरे बाबा ओ मेरे बाबा मेरे बाबा ओ मेरे बाबा.......

मन मेरा बाबा ठिकाना ढूंढता है,

मन मेरा बाबा ठिकाना ढूंढता है,

मेरे दिल का सूना साज तराना ढूंढता है,

तेरे खाटू आने का बहाना ढूंढता है,

मन मेरा बाबा ठिकाना ढूंढता है,

मेरे दिल का सूना साज तराना ढूंढता है......

कैसे भूलूगा मैं बाबा खाटू की उन रातों को,

बंद जुबा से की थी तुमसे दिल की उन सब बातो को,

फिरसे दोहराने का बहाना ढूंढता है,

मन मेरा बाबा ठिकाना ढूंढता है,

मेरे दिल का सूना साज तराना ढूंढता है.......

श्याम मेरे तुम साथ ही रहना दुनिया की इन राहों में,

गम के अंधेरे छा जाए जब थामना मुझको बाहों में,

अरे तुझको मेरे बाबा जमाना ढूंढता है,

मन मेरा बाबा ठिकाना ढूंढता है,

मेरे दिल का सूना साज तराना ढूंढता है......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।