खाटू धाम चारों धाम

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हम सेवादारों की तो तुमसे पहचान है,

अपने लिये तो खाटू ही चारों धाम है…..

हम नाम तेरा लेकर मंजिल को बढ़ते है,

जैसी भी ही मुश्किल प्रभु हम ना डरते है,

तेरे नाम से बन जाता बिगड़ा हर काम है,

अपने लिये तो खाटू……

ये बाग तुम्हारा है तेरी फुलवारी है,

तू सेठ हमारा है हम तेरे पुजारी है,

तेरे नाम से ही बाबा अपना सम्मान है,

अपने लिये तो खाटू……..

तेरी कृपा है श्याम मुझे कमी नही है श्याम,

मुझे और किसी की अब परवाह नही है श्याम,

एक श्याम नाम से जीवन अपना आसान है,

अपने लिये तो खाटू…..

कोई अच्छे कर्म मेरे ऐसा दरबार मिला,

जहाँ झुकती सारी दुनिया मुझे उनका प्यार मिला,

गोदी में बिठा के रखते यहाँ श्याम को श्याम है,

अपने लिये तो खाटू…..

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।