श्याम है हीरा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

किसी के कान में हीरा, किसी के हाथ में हीरा,

मुझे हीरे से क्या लेना, मेरा तो श्याम है हीरा,

हर प्रेमी के चेहरे पे मुस्कान देता है,

सर पे हाथ फिराकर मुझको गले लगाता है.....

खाटू वाला श्याम सपने में आता है,

सर पे हाथ फिराकर मुझको गले लगाता है,

मेरा खाटूवाला श्याम मेरा लीले वाला श्याम,

मेरा खाटूवाला श्याम......

प्रेमियों बाबा के दर पे ज़रा एक बार आ जाओ,

बात जो दिल में हो अपनी मेरे बाबा को बतलाओ,

सुनता है सबकी ये झोली भरने वाला है,

सर पे हाथ फिराकर मुझको गले लगाता है,

मेरा खाटूवाला श्याम मेरा लीले वाला श्याम,

मेरा खाटूवाला श्याम......

श्याम की भक्ति कर प्यारे तेरा जीवन संवर जाए,

बिना माझी के फिर कैसे ये नैया पार हो जाए,

बीच भवर नैया को निकाल देता है,

सर पे हाथ फिराकर मुझको गले लगाता है,

मेरा खाटूवाला श्याम मेरा लीले वाला श्याम,

मेरा खाटूवाला श्याम...........

मेरे अपनों से बढ़कर के सहारा श्याम देता है,

ज़िन्दगी भर जीने का वो गुज़ारा श्याम देता है,

रुकता नहीं मेरा हर काम होता है,

सर पे हाथ फिराकर मुझको गले लगाता है,

मेरा खाटूवाला श्याम मेरा लीले वाला श्याम,

मेरा खाटूवाला श्याम...........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।