मंदिर अब खुलने लगा है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मंदिर अब खुलने लगा है,

फागुन भी आने लगा है,

फागुन पे रंग उड़ेगा, फागुन पे रंग उड़ेगा,

बाबा का दर्श मिलेगा, बाबा का दर्श मिलेगा,

उससे प्यारा क्या होगा,

भगत सब नाच के गाओ, भगत सब नाच के गाओ,

श्याम प्यारे के गुण गाओ,

श्याम प्यार साथ देगा,

उससे प्यारा क्या होगा,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम प्यारे की जय......

वो शीश दान देने वाले की जय,

भगतो का साथ निभाने वाले की जय,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम प्यारे की जय,

लखदातार की जय,

खाटू वाले की जय,

हर संकट को भगाने वाले की जय,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम बाबा की जय,

श्याम धनी की जय,

नीले वाले की जय,

वो मोर मुकुट बंसी वारे की जय,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम प्यारे की जय,

सुंदर भजन लिखवाने वाले की जय,

नमन को ज्ञान देने वाले की जय,

वो मैया के अज्ञाकारी की जय,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम प्यारे की जय,

अभिमानी का अभिमान भगाने वाले की जय,

गरीब को सेठ बनाने वाले की जय,

हर रोग को मीटा देने वाले की जय,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम प्यारे की जय,

श्री कृष्ण जी के प्यारे की जय,

भगतो के रखवाले के जय,

कलयुग के कृष्ण जी की जय,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम प्यारे की जय,

सब गलतीयो को शमा करने वाले की जय,

भगतो को भगती देने वाले की जय,

भूखे को भोजन खिलाने वाले की जय,

बोलो बोलो प्रेमियों श्याम प्यारे की जय,

श्याम प्यारे की जय खाटू वाले की जय......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।