बाबा तेरी फुल कृपा है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

जय श्री श्याम,

जय श्री श्याम…….

बाबा मुझे तेरा ही सहारा है,

तेरा दर मेरा ही ठिकाना है,

तेरी अदा सबसे जुदा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है

बाबा मुझे तेरा ही सहारा है,

तेरा दर मेरा ही ठिकाना है,

तेरी अदा सबसे जुदा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है.....

जय श्री श्याम,

जय श्री श्याम…….

कहां कहां मैं भटक रहा था,

तेरे दर्शन को तरस रहा था,

कहां कहां मैं भटक रहा था,

तेरे दर्शन को तरस रहा था,

मैंने सुख दुख में,

तुम्हें ही पुकारा है,

तेरा दर मेरा ही ठिकाना है,

तेरी अदा सबसे जुदा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है......

तेरे दर पर जब से आया,

क्या बतलाऊं क्या क्या पाया,

तेरे दर पर जब से आया,

क्या बतलाऊं क्या क्या पाया,

तेरे नाम से चलता गुजारा है,

तेरा दर मेरा ही ठिकाना है,

तेरी अदा सबसे जुदा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है…….

जय श्री श्याम,

जय श्री श्याम…….

रींगस से खाटू मैं,

निशान लेकर आया,

मस्ती में झुमके,

नाच के आया,

राम श्याम ने दिल से पुकारा है,

तेरा दर मेरा ही ठिकाना है,

तेरी अदा सबसे जुदा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है…….

बाबा मुझे तेरा ही सहारा है,

तेरा दर मेरा ही ठिकाना है,

तेरी अदा सबसे जुदा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है

बाबा मुझे तेरा ही सहारा है,

तेरा दर मेरा ही ठिकाना है,

तेरी अदा सबसे जुदा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है,

बाबा तेरी फुल कृपा है…….

जय श्री श्याम,

जय श्री श्याम……

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।