महाराज गजानंद आओ जी

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

महाराज गजानंद आवो,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ.....

रणत भवन से आवो नी गजानन,

संग में रिद्धि सिद्धि ल्यावो,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

गणराज विनायक आवो,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ.....

ब्रम्हा जी आवो देवा विष्णु पधारो,

संग में सरस्वती ले आवो,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ.

गणराज विनायक आवो,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ.......

नांदिये सवारी शिव भोला पधारो,

संग में पार्वती ने ल्यावो,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

गणराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ......

सिंघ सवारी नवदुर्गे पधारो,

संग में काला गौरा ल्यावो,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

गणराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ......

लीले सवारी बाबा रामदेव आवो,

संग में मेतल राणी ल्यावो,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

गणराज विनायक आवो,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ.....

तानसेन देवा थारो यश गावे,

भूल्या ने राह बतावो,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

गणराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ,

महाराज विनायक आओ,

म्हारी सभा में रंग बरसाओ.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।