दिल तुझको दिया बजरंगी

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

दिल तुझको दिया बजरंगी मेरा डोले जिया बजरंगी,

दिल तुझको दिया बजरंगी मेरा डोले जिया बजरंगी,

अब हम तो है तेरे हवाले,

अब हम तो है तेरे हवाले,

चाहे ठुकरा दे चाहे अपना ले,

चाहे ठुकरा दे चाहे अपना ले,

प्रेम तुमसे किया बजरंगी दिल तुझको दिया बजरंगी,

दिल तुझको दिया बजरंगी मेरा डोले जिया बजरंगी.....

नैन नैनो से जब ये टकराये,

नैन नैनो से जब ये टकराये,

अरे मिट ही गए हम तो हाय,

अरे मिट ही गए हम तो हाय,

जाने राम सिया बजरंगी दिल तुझको दिया बजरंगी,

दिल तुझको दिया बजरंगी मेरा डोले जिया बजरंगी….

बिन तेरे लगे सब कुछ फीका,

बिन तेरे लगे सब कुछ फीका,

तुझसे जीने का सीखे सलीका,

तुझसे जीने का सीखे सलीका,

तेरा सहारा दिया बजरंगी दिल तुझको दिया बजरंगी,

दिल तुझको दिया बजरंगी मेरा डोले जिया बजरंगी.....

तूने रात की निंदिया चुराई है,

तूने रात की निंदिया चुराई है,

तू दिलबर बड़ा हरजाई,

तू दिलबर बड़ा हरजाई,

मद प्याला पीया बजरंगी दिल तुझको दिया बजरंगी,

दिल तुझको दिया बजरंगी मेरा डोले जिया बजरंगी....

इक मिलने का दे दे तू मौका,

इक मिलने का दे दे तू मौका,

यूँ कहता हवाओ का झोका,

यूँ कहता हवाओ का झोका,

जले जगमग दिया बजरंगी दिल तुझको दिया बजरंगी,

दिल तुझको दिया बजरंगी मेरा डोले जिया बजरंगी.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।