वो नसीबों से ज़्यादा दे रहा है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बिन पानी के नाव खे रहा है,

वो नसीबों से ज़्यादा दे रहा है.....

भूखे उठते है पर भूखे सोते नहीं,

दुःख आते है हम पर तो रोते नहीं,

दिन रात खबर ले रहा है,

वो नसीबों से ज़्यादा दे रहा है.....

मेरा छोटा सा घर महलो का राजा है वो,

मेरी औक़ात क्या महाराजा है वो,

फिर भी साथ मेरे रह रहा है,

वो नसीबों से ज़्यादा दे रहा है.....

बनवारी दीवाने बड़े से बड़े,

इनके चरणों में कंकर के जैसे पड़े,

फिर भी अर्ज़ी मेरी सुन रहा है,

वो नसीबों से ज़्यादा दे रहा है.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।