अब सौप दिया इस जीवन का सब भार तुम्हारे हाथो में

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

अब सौप दिया इस जीवन का, सब भार तुम्हारे हाथो में,

है जीत तुम्हारे हाथों में, और हार तुम्हारे हाथों में,

अब सौप दिया इस जीवन का......

मेरे मन में तेरा माँ ध्यान रहे, और लब पे तेरा ही नाम रहे,

मेरे जीवन की रग रग का हो, हर अधिकार तुम्हारे हाथो में,

अब सौप दिया इस जीवन का......

मै जग में रहुं तो ऐसे रहुं, जैसे जल में कमल का फूल रहे,

मेरे गुण दोष समर्पित हो, मैया जी तुम्हारे हाथो में,

अब सौप दिया इस जीवन का.....

मेरा है निश्चय है बस एक यही, एक बार तुम्हे पा जाऊं मै,

अर्पण कर दु दुनिया भर का, सब प्यार तुम्हारे हाथों में,

अब सौप दिया इस जीवन का.....

यदि मनुष्य का मुझे जन्म मिले, तेरे दासो का मै दास बनुं,

फिर अन्त समय मे प्राण त्यागु, मेरी मैया तुम्हारे हाथों में,

अब सौप दिया इस जीवन का......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।