माँ अम्बे हर साल युही घर मेरे आते रहना

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

माँ अम्बे हर साल युही घर मेरे आते रहना,

नवरातो में युही सदा सुख बरसाते रहना…..

आपके आने से ही मैया मन पावन हो जाता है,

आपके मंदिर से ही मैया घर आगन हो जाता है,

सिंह सवारी जब आती हो,

लेके खुशी के रंग आती हो,

प्यार की मूरत हो मैया प्यार लुटाते रहना…..

जब से तुम्हारे चरण पड़े हैं,

मेरे भाग्य की चौखट पे तबसे मेहरबान है,

मां लक्ष्मी हरपल मेरी किस्मत पे मंगल ही मंगल है,

मैया जबसे मिली है आपकी सेवा,

अपना आशीर्वाद हमेशा हम पे लुटाते रहना…..

सफल हुए हैं कारज सारे,

कोई काम नहीं जीवन में,

हमको हमेशा बांधे रखना अपने प्रेम के बंधन में,

मैया युही निभाते रहना,

नाता युही निभाते रहना,

दर्शन दीवानी आखियो को दरस दीखाते रहना…..

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।