जय माता दी बोल तू

मास्टर सलीम
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

जय जय माँ, जय जय माँ......

जय माता दी बोल तू,

किस्मत दे ताले खोल तू,

जे सुख पाउना चाहुना ए,

रह माँ चरणा दे कोल तू,

जय माता दी बोल तू.....

बन्ने बेड़ी लावे दाती,

खैरा झोली पावे दाती,

जे सुख पाउना चाहुना ए,

पा ले दातां अनमोल तू,

जय माता दी बोल तू.....

माँ दर वरगी था नई लभनी,

माँ वरगी कोई छा नई लभनी,

जे सुख पाउना चाहुना ए,

ऐंवे ना ज़िंदगी रोल तू,

जय माता दी बोल तू.....

दिल दे अंदर चानन कर लै,

अमृत रस मिठासा भर लै,

जे सुख पाउना चाहुना ए,

सरजीवन मिश्री घोल तू,

जय माता दी बोल तू.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।