जानेवाले इक संदेशा भोलेनाथ से कह देना

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

जानेवाले इक संदेशा भोलेनाथ से कह देना,

एक दीवाना याद में रोये उसको दर्शन दे देना.....

जिनको भोलेनाथ मिलाये किस्मत वाले होते है,

जो बाबा से मिल नही पते छुप छुप कर रोते है,

जितनी परीक्षा ली है मेरी उतनी किसी की मत लेना,

एक दीवाना याद में रोये.....

तूने कौन सा काम किया है दर पे तुम्हे भुलाया है,

मैंने कौन सा पाप किया दिल से मुझे भुलाया है,

एक बार मुझे दर पे भुला ले इतनी किरपा कर देना ,

एक दीवाना याद में रोये…..

मुझको से विश्वास है दिल में मेरा भुलवा आये गा,

शीश का दानी दर्शन देके मुझे गल्ले लगाये गा,

उसको जेक इतना कहना मेरा बरोसा टूटे न,

एक दीवाना याद में रोये......

कैसा लगता है मेरा भोला मुझको ज़रा बातों तो

क्या क्या लीला करता है मुझको सुनाओ तो ,

बनवारी भगतो की दुहाई मेरी तरफ से दे देना ,

एक दीवाना याद में रोये.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।