राम तुम हो तुम्ही हो कन्हाई

पारंपरिक
महादेव भजन साईं भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

राम तुम हो तुम्ही हो कन्हाई,

बाबा साईं बाबा साईं मेरे साईं,

भोली सूरत में शिव दे दिखाई,

बाबा साईं बाबा साईं.....

सब तुम्हारे हैं कोई पराया नहीं,

किसको दी तुमने करुणा की छाया नहीं,

तुमने किसकी ना चिंता मिटाई,

बाबा साईं बाबा साईं…..

एक सबका है मालिक ये कहते हो तुम,

बाबा श्रद्धा सबूरी में रहते हो तुम,

हर दुआ में है जग की भलाई,

बाबा साईं बाबा साईं……..

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।