करते हैं तुम्हारा कीर्तन

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

करते हैं तुम्हारा कीर्तन,

बजरंग बली स्वीकार करो,

आएं शरण हम तुम्हारी,

बाला जी उद्धार करो,

बजरंग बली स्वीकार करो,

बाला जी उद्धार करो....

ना भक्ति की हममें युक्ति,

ना सेवा करने की है शक्ति,

नवाया शीश चरणों में,

दे दो संकटों से मुक्ति,

करो कृपा निवार करो,

बाला जी स्वीकार करो,

करते हैं तुम्हारा कीर्तन....

आती नहीं खेनी हमें नैया,

डूब रहें हैं भव में संकट हरैया,

आके थाम लो पतवार,

लगा दो पार बन जाओ खिवैया,

करो कृपा पार करो,

बाला जी स्वीकार करो,

करते हैं तुम्हारा कीर्तन...

गाते हैं महिमा नाथ सब तुम्हारी,

संकट मोचक नाम हितकारी,

आएं तुम्हारे दर पे,

बना लो चरणों का पुजारी,

करो कृपा उपकार करो,

बाला जी स्वीकार करो,

करते हैं तुम्हारा कीर्तन...

©राजीव त्यागी नजफगढ़

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।