लीले घोड़े चढ़ कर आवो बाबा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

लीले घोड़े चढ़ कर आवो बाबा,

रूणिचा गाँव तुम्हारा,

भगता ने थे लागो प्यारा ,

नेतल रा भरतार,

लीले घोड़े......

अजमल जी रा भाग जगाया, बांझड़िया रो कलंक कटाया,

क़ुम क़ुम रा पगलिया मांड्या बाबा,

रूणिचा गाँव तुम्हारा....

माता मैणा दे ने परचा दिना,

उफणतो रो बाबा दूध थे लीना, पालणिया में आया बाबा रामा,

रूणिचा गाँव तुम्हारा....

बेन सुगना रा भाग जगाया,

मरिया भाणु ने आप जीवया,

रतना रा दुःख कटाया बाबा,

रूणिचा गाँव तुम्हारा....

बेन डाली रा वचन निभाया,

आठी डोरा आप बनाया,

भगता रे हेले आया बाबा,

रूणिचा गाँव तुम्हारा....

हरजी भाटी बाबा चॅवर ढुलाया,

धरम तंवर थारा भजन सुनाया, भगता री लाज बचाओ रामा,

रूणिचा गाँव तुम्हारा....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।