मैया यशोदा दे दे बधाई

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

लल्ला की सुन के मैं दौड़ी दौड़ी आई,

मैया यशोदा दे दे बधाई,

जुग जुग जीवे तेरे कुंवर कन्हाई,

मैया यशोदा दे दे बधाई.....

जंतर मंतर क्या किया टोना,

ए दुनिया का मालिक बना तेरा छोना,

ओ गोद में तेरी खेले खेल खिलौना,

जग से निराली तूने दौलत पाई,

मैया यशोदा दे दे बधाई.....

विधि हरि हर नित्य ध्यान लगावे,

इनको अलख अगोचर वेद बतावे,

मां निराकार ये ब्रह्म कहांवे‌,

चल गया तेरा जादू उन्हीं पे री माई,

मैया यशोदा अब दे दे बधाई.....

नारायण लक्ष्मीपति आए,

देखो यशोदा मैया गोद खिलाए,

दास बिहारी दर्शन पाए,

हो गई रे लक्खा तेरी अब मनचाही,

मैया यशोदा दे दे बधाई.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।