बेटा महाकाल का

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

जय शंभू जय शम्भु जय शम्भु....

झूठी दुनियादारी का ना झूठे रिश्तेदार का,

बेटा महाकाल का मैं बेटा महाकाल का.....

उज्जैन नगरी शिप्रा तट पर शिव शंभू का वास है,

हरसिद्धि और भैरव बाबा पल पल मेरे साथ है,

नहीं दयालु महादेव सा कहना वेद पुराण का,

बेटा महाकाल का मैं बेटा महाकाल का.....

ओम नमः शिवाय,

ओम नमः शिवाय,

ओम नमः शिवाय....

जो भी तेरा ध्यान धरे उसका तू कल्याण करें,

हर देता है झोली तू खुशियों के भंडार भरे,

दानी कोई नहीं है जग में,

दानी कोई नहीं है जग में नंदी के सवार सा,

बेटा महाकाल का मैं बेटा महाकाल का.....

बढ़ती मेरी शान है कुछ लोग परेशान हैं,

काहे की फिकर मेरा बाबा मेहरबान है,

हो गई मुझ पर कृपा इनकी नाम हुआ परिवार का,

बेटा महाकाल का मैं बेटा महाकाल का.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।